पश्चिम बंगाल में एक और जज ने छोड़ी एसआईआर ट्रिब्यूनल, जानें क्या है इस्तीफे की वजह
एसआईआर ट्रिब्यूनल: सर्वोच्च न्यायालय के आदेश पर, तत्कालीन उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश सुजॉय पाल द्वारा सेवानिवृत्त न्यायाधीशों का एक ट्रिब्यूनल गठित किया गया था. ट्रिब्यूनल सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों के अनुसार कार्य कर रहा है. मतदाता सूची से जिनके नाम छूट गए हैं, उनके दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है. लेकिन इस प्रक्रिया के बीच में एक एक कर जज इस कार्य से खुद को अलग कर रहे हैं|
कोलकाता: मतदान समाप्त हो चुका है, फिर भी एसआईआर ट्रिब्यूनल का काम जारी है. ट्रिब्यूनल लगभग 27 लाख मामलों का निपटारा करने में लगा हुआ है. कई मामलों का निपटारा हो चुका है. अब एक और सेवानिवृत्त न्यायाधीश ने ट्रिब्यूनल से इस्तीफा दे दिया है. सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजीत कुमार बाघ ने बीमारी के कारण इस्तीफा दिया है|
इससे पहले भी हुआ है इस्तीफा
इससे पहले, मई में, कलकत्ता उच्च न्यायालय के पूर्व मुख्य न्यायाधीश टीएस शिवज्ञानम ने इस न्यायाधिकरण से इस्तीफा दे दिया था. अब सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति बाग ने भी यही निर्णय लिया है. सर्वोच्च न्यायालय के आदेश पर, उच्च न्यायालय के तत्कालीन मुख्य न्यायाधीश सुजॉय पाल ने सेवानिवृत्त न्यायाधीशों का एक न्यायाधिकरण गठित किया था. यह न्यायाधिकरण सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों के अनुसार कार्य कर रहा है.
दस्तावेजों का हो रहा है सत्यापन
न्यायाधिकरण जिन लोगों के नाम मतदाता सूची से छूट गए हैं, उनके दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है. कई आवेदकों को फोन करके वापस भेजा जा रहा है। निपटान प्रक्रिया इसी तरह चल रही है. बाग समिति की रिपोर्ट ने राज्य में शिक्षक भर्ती में भ्रष्टाचार को उजागर किया था. सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति रंजीत कुमार बाग की अध्यक्षता वाली समिति ने कलकत्ता उच्च न्यायालय को शिक्षक भर्ती भ्रष्टाचार पर एक रिपोर्ट सौंपी थी. इसके बाद, भर्ती भ्रष्टाचार की जांच केंद्रीय जांच एजेंसी (सीआईए) ने अपने हाथ में ले ली थी|
सौजन्य : प्रभात खबर
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