कौन हैं IAS वर्षिणी? दलित छात्रों से कही खुद अपने शौचालय साफ करने की बात, छिड़ा बवाल, SC आयोग ने भेजा नोटिस
तेलंगाना की एक IAS अफसर का ऑडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें वो स्कूल के छात्रों से टॉयलेट साफ करने को कह रही हैं. मामले में अनुसूचित जाति आयोग ने अधिकारी को नोटिस भेजा है|
तेलंगाना की एक IAS अफसर को दलित छात्रों से शौचालय साफ करने को कहना भारी पड़ गया है. जानकारी के अनुसार, तेलंगाना सोशल वेलफेयर रेजिडेंशियल एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस सोसायटी (TGSWREIS) की सचिव डॉ. वीएस अलगु वर्षिनी का एक ऑडियो क्लिप वायरल हो रहा है. इसमें वो कथित तौर पर गुरुकुल स्कूल के छात्रों को टॉयलेट और हॉस्टल के कमरों की सफाई के लिए कह रही हैं. इस मामले में संज्ञान लेत हुए राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक ने आईएएस अधिकारी को नोटिस भेजा है|
कौन हैं IAS वर्षिणी
राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने रविवार को तेलंगाना के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक को नोटिस जारी किया है. यह नोटिस IAS अधिकारी डॉ. वी.एस. अलागु वर्षिणी द्वारा कथित तौर पर SC गुरुकुल छात्रों के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी के संबंध में है. आयोग ने 15 दिनों के भीतर कार्रवाई रिपोर्ट मांगी है. वर्षिणी, तेलंगाना सामाजिक कल्याण आवासीय शैक्षिक संस्थान सोसाइटी (TGSWREIS) की सचिव हैं, जो हाल ही में एक वायरल ऑडियो क्लिप में गुरुकुल स्कूलों के छात्रों को शौचालय और हॉस्टल के कमरे साफ करने के निर्देश दिए, जिससे विवाद खड़ा हो गया|
अफसर ने दी सफाई
ये ऑडियो सामने आने के बाद मामला राजनीतिक हो गया है. विपक्षी दल भारत राष्ट्र समिति के नेता इसे लेकर तेलंगाना सरकार पर तबाड़तोड़ हमले कर रहे हैं. पार्टी के नेता आरएस प्रवीण कुमार ने सीएम रेवंत रेड्डी से पूछा है कि क्या उनके बच्चे उस स्कूल का बाथरूम साफ करते हैं जिसमें वे पढ़ रहे हैं? वहीं, आईएएस अफसर ने अपने ऊपर लगे आरोपों पर सफाई दी है. एक्स पर एक अन्य ऑडियो साझा करते हुए उन्होंने छात्रों के मुद्दों का राजनीतिकरण न करने और उनके शब्दों का गलत मतलब न निकालने की अपील की है. उन्होंने सफाई कर्मचारियों की कमी के आरोपों को भी निराधार बताया और कहा कि घर पर माता-पिता की मदद करना बच्चों की सामान्य दिनचर्या है. इससे उन्हें जागरुक व्यक्ति के रूप में बड़े होने में मदद मिलती है|
सौजन्य :डीएनए इंडिया
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