अखिलेश यादव बोले- ‘झूठे नारों से गुमराह करते हैं भाजपाई, जमीन पर नहीं उतरे निवेश’
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने जातीय जनगणना का मुद्दा उठाते हुए कहा है, “भाजपाई झूठे नारों से गुमराह करते हैं. सबका साथ से सबका विकास नहीं हो सकता है. जब तक सभी जातियों की गणना नहीं होगी तब तक उनकी भागीदारी कैसे तय होगी? पीडीए-पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यकों की एकता के आगे एनडीए मुकाबला नहीं कर सकता.”
सपा प्रमुख ने कहा, “समाजवादियों के आगे भाजपाई नहीं टिक पाएंगे. व्यवस्था परिवर्तन के लिए सत्ता के कब्जाधारियों को हटाया जाएगा. कन्नौज सोने लाल जी की जन्मस्थली और मेरी कर्मस्थली है. यह रिश्ता भावनात्मक है. बहुजन समाज के लिए दलितों, पिछड़ों, कमेरा समाज के लिए संघर्ष किया था. उनके रास्ते पर चलकर और हक तथा सम्मान के लिए संकल्प लेकर हम उनके सपने को पूरा करेंगे. भाजपाराज में निवेश सम्बंधी जो एमओयू हुए थे वे जमीन पर नहीं उतरे हैं.”
इन आंकड़ों का दिया हवाला
अखिलेश यादव ने कहा, “आंकड़े बताते हैं कि जहां समाजवादी सरकार में औसत वार्षिकी ग्रोथ रेट 6.2 प्रतिषत आंकी गई वहीं बीजेपी सरकार में यह 3.2 प्रतिशत पर टिक गई. बीजेपी राज में न तो नए उद्योग धंधे लगे हैं और नहीं गरीब के घर पर खुशहाली आई है. मैन्यूफैक्चरिंग के बस सपने ही दिखाए गए हैं. बीजेपी सरकार के पास बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार पर जवाब नहीं है इसलिए वह सामान नागरिक संहिता की बात कर रही हैं.”
उन्होंने कहा, “बीजेपी किसानों की आय दुगनी करने के बजाय किसानों की और समस्याएं बढ़ा रही है. किसानों की बुनियादी समस्याओं पर चर्चा नहीं हो रही है. आलू और धान किसान बर्बाद हो गया. बीजेपी सरकार ने गेहूं की सरकारी खरीद न करके प्राइवेट कम्पनियों को खरीदवा दिया है. बीजेपी सत्तालोभी है. वह पिछड़ों, दलितो, अल्पसंख्यकों का हक छीनकर सत्ता में काबिज रहना चाहती है. बीजेपी देश को पीछे ले जा रही है.”
सौजन्य : Abp live
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