मायावती का एसपी पर निशाना, कहा- ’10 मार्च को हवा-हवाई होने वाला है 400 सीट जीतने का सपना’
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 की तारीखों के ऐलान के बाद बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) की सुप्रीमो मायावती ने रविवार को अपना एक बयान जारी किया.
मायावती ने कहा, “शनिवार को चुनावों की घोषणा होने के बाद आज (रविवार) मैंने लखनऊ प्रदेश कार्यालय में उम्मीदवारों के फाइनल चयन करने को लेकर पार्टी के खास-खास लोगों की बैठक बुलाई है. ये बैठक काफी अहम होगी.”
खबर है कि अब तक मायावती अनौपचारिक तौर पर 300 से ज्यादा टिकट घोषित कर चुकी हैं और उम्मीदवारों को उनके चुनाव क्षेत्र में काम करने के लिए कह भी दिया गया है, लेकिन आज यानी रविवार की बैठक इस मायने में भी अहम है कि समीक्षा के बाद कई लोगों के टिकट में फेरबदल भी किया जा सकता है.
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, बीएसपी ने सबसे ज्यादा मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट दिया है, उसके बाद ब्राह्मणों और ओबीसी को भी काफी तादाद में टिकट दिए जा रहे हैं.
“पिछले कुछ चुनावों में कोरोना के अति प्रकोप में भी जिस प्रकार से रैलियों और रोडशो अदि के जरिए चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन किया गया है, उससे पूरा देश काफी हैरत में रह गया है. साथ ही पिछले कुछ वर्षों में चुनावों को विशेषकर धार्मिक रंग देकर जिस प्रकार से स्वार्थ की राजनीति की जा रही है, उस पर भी चुनाव आयोग को सख्त कदम उठाने की जरूरत है.”
यूपी की पूर्व सीएम मायावती ने कहा, “अपनी पार्टी के बारे में इस संबंध में मैं यह कहना चाहूंगी कि चुनाव में मुख्य चुनाव आयोग ने जो भी आचार संहिता लागू की है, तो उसका हमारी पार्टी पूरी ईमानदारी से पालन करेगी. इसके साथ ही यह चुनाव पूरी तरह से फ्री एंड फेयर होना चाहिए, इसके लिए हमारी पार्टी का चुनाव आयोग से विशेष अनुरोध भी है खासकर दलित और अन्य कमजोर वर्गों के लोग अतिसंवेदनशील पोलिंग बूथों पर अपना वोट डाल सकें.”
बीएसपी चीफ मायावती ने कहा, “अगर यूपी की जनता यहां बेहतरीन कानून-व्यवस्था, प्रदेश का संपूर्ण विकास और हर मामले में अपना उद्धार करना चाहती है, साथ ही प्रदेश में यहां दलित, आदिवासी, पिछड़ा वर्ग, मुस्लिम और अन्य धार्मिक अल्पसंख्यक समाज के लोग…अपना हित और कल्याण चाहते हैं तो फिर इन्हें चुनाव में विरोधी पार्टियों के जारी किए गए या जारी होने वाले इनके प्रलोभन भरे चुनावी घोषणा-पत्र के बहकावों में कतई भी नहीं आना है…बल्कि अपने हितों में आजमाई हुई अपनी पार्टी बीएसपी को ही अपना वोट देना है.”
बीएसपी अध्यक्ष ने कहा, “यूपी में हर जाति और हर वर्ग के लोग काफी दुखी हैं और इस सरकार में खासकर अपर कास्ट समाज के जो एक तबके के लोग हैं वो सबसे ज्यादा दुखी हैं, जिन्होंने पिछले चुनाव में बढ़-चढ़कर बीजेपी को अपना वोट दिया है.”
बीएसपी सुप्रीमो ने कहा, “मैं यह भी कहना चाहूंगी कि यहां एक पार्टी ऐसी भी है, जो दूसरी पार्टियों के निकले हुए लोगों के सहारे और अनेकों पार्टियों के साथ गठबंधन करके इस चुनाव में 403 में से 400 सीटें जीतना का सपना देख रही है और इनका सपना दिनांक 10 मार्च को हवा-हवाई होने वाला है.”
मायावती के इस बयान को समाजवादी पार्टी पर निशाने के तौर पर देखा जा रहा है. दरअसल एसपी चीफ अखिलेश यादव कई बार कह चुके हैं कि आगामी यूपी विधानसभा चुनाव में वह 400 सीटें जीत सकते हैं.
आपको बता दें कि उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव की वोटिंग 7 चरणों में होगी, जबकि वोटों की काउंटिंग 10 मार्च को की जाएगी.
सौजन्य : up tak
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