आजाद अधिकार सेना का कमिश्नरी पर धरना प्रदर्शन, दलितों की जमीनों पर कब्जा करने का आरोप
मेरठ । आजाद अधिकार सेना ने दलित समाज के लोगों के साथ सोमवार को कमिश्नरी कार्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन करते हुए ज्ञापन सौंपा। जिसमें पार्टी के मंडल अध्यक्ष मास्टर अजीज ठेकेदार ने बताया कि ग्राम बेला, फतेहपुर प्रेम, माजरा बेला, छोटी चामरोधी एवं आसपास के क्षेत्रों में करीब 1600 बीघा से अधिक दलित किसानों की जमीनों पर दबंगों ने अवैध कब्जा किया हुआ है। उन्होंने बताया कि आजाद अधिकार सेना ने मामले की विस्तृत स्थलीय जांच भी की।
इस दौरान 50-60 से अधिक पीड़ित दलित परिवारों के बयान दर्ज किए गए, जिनमें भूमि विवादों की पुष्टि हुई। जांच में कई गंभीर तथ्य सामने आए। जिनमें 4-5 दबंग भूमाफियाओं द्वारा दलितों की जमीनों पर अवैध कब्जा, कब्जाई गई भूमि पर ठेके पर खेती कर करोड़ों रुपए की कमाई, और पोल्ट्री फॉर्म के जहरीले अपशिष्ट को सीधे गंगा नदी में डालकर गंभीर प्रदूषण फैलाने जैसे मामले शामिल हैं। जांच में कुछ राजस्व कर्मियों, विशेषकर लेखपाल नीरज की भूमिका संदिग्ध पाई गई। निष्पक्ष जांच न होने के प्रमाण भी मिले हैं।
पूरे प्रकरण में भूमाफियाओं को राजनीतिक और प्रशासनिक संरक्षण मिलने की आशंका जताई गई है। पीड़ित किसानों ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिनों के भीतर उनकी जमीन वापस नहीं मिली, तो वे यहीं आत्मदाह पर मजबूर होंगे। इस दौरान पूजा सिंह, मोहन देव, सुरेंद्र कुमार कश्यप, शाहनवाज, सलीम राजपूत, नदीम चौधरी, नजमा अफजल सैफी, तिलक राम, नरेंद्र शर्मा आदि उपस्थित रहे।
सौजन्य : वीर अर्जुन
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