दलित महिला को न्याय नहीं:एसडीएम ने भगाया, पट्टे की जमीन पर खेती नहीं, लेखपाल ने 35 हजार हड़पे
करछना के खाई गांव की संतोष देवी न्याय की गुहार लेकर कई बार एसडीएम से मिलने गईं। एसडीएम ने दलित महिला को कार्यालय से भगा दिया। एसडीएम ने डीएम के पास जाने को कह दिया। शुक्रवार को कड़ी दोपहर में वह डीएम कार्यालय पहुंचीं, लेकिन डीएम से मुलाकात नहीं हो सकी। इसके बाद महिला को वहां से निराश होकर वापस लौटना पड़ा।
संतोष देवी को 2005 में सरकार ने 7 बिस्वा जमीन पट्टे पर दी थी। इस जमीन पर खेती करने पर भी उन्हें फसल नहीं मिल पा रही है। भूमि पैमाइश के लिए लेखपाल बिपिन कुमार ने उनसे 35 हजार रुपए लिए। शिकायत पर एसडीएम तपन मिश्रा ने लेखपाल को निलंबित तो कर दिया लेकिन अभी तक पैसे वापस नहीं मिले हैं। जिससे महिला परेशान होकर अधिकारी के कार्यालय का चक्कर लगाने को मजबूर हैं।
पीड़िता ने बताया कि वह अपनी जमीन पर खेती नहीं कर पा रही हैं। खेती करने पर दबंग लोग फसल काट ले जाते हैं। एसडीएम ने पैमाइश के बाद आगे की कार्रवाई का आश्वासन दिया था। लेकिन न तो जमीन मिली और न ही पैसे वापस हुए। करछना तहसील में एसडीएम के पास जाओ तो वह भगा दिए। बोले मेरे पास मत आओ। डीएम के पास जाओ। मै गरीब महिला कहा जाऊं।
संतोष देवी ने बताया कि घर में खाने के लिए अनाज नहीं बचा है। पास में पैसे नहीं है। किसी तरह से कर्ज लेकर लेखपाल को पैसे दिए थे। अब अधिकारियों के पास चक्कर काट रही हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। न तो जमीन मिला पा रही है और ना ही लेखपाल को दिए गए रुपए।
सौजन्य :दैनिक भास्कर
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