CJI तक पंहुचा गया डॉ आंबेडकर मूर्ति का मामला ,कांग्रेस ने भेज दिया मुख्य नयायाधीश को लेटर ,क्या है मांग
ग्वालियर हाई कोर्ट परिसर में डॉ. आंबेडकर की मूर्ति स्थापना का मामला सीजेआई तक पहुंच गया है। सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस को कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने पत्र लिखा है।
ग्वालियर हाई कोर्ट बेंच परिसर में विवाद का मामला अब सुप्रीम कोर्ट चीफ जस्टिस तक पहुंच गया है। मय देश कांग्रेस अध्यक्ष जीतूपटवारी ने शुक्रवार को एक प लिखा और सीजेआई बीआर गवई से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष पटवारी ने सीजेआई को लिखे पत्र में कहा कि कोर्ट की मंजूरी से परिसर में आंबेडकर की प्रतिमा को स्थापित करने का प्रस्ताव शुरू किया गया था। उहोंने पत्र में लिखा है कि हाई कोर्ट परिसर मेंआंबेडकर की मूर्ति लगाने का प्रताव आंबेडटकर केप्रयासों और भारत के संविधान को आकार देने में उनके योगदान को याद करने के लिए किया गया था। वकीलों का आंबेडकर के प्रति हमारे समान को दर्शाता है, लेकिन कुछ लोग कानूनी रुप से प्रस्तावित आंबेडकर की प्रतिमा लगाने का विरोध कर रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस को लिखेपत्र में कहा कि कुछ लोग प्रतिमा स्थापित करने का विरोध कर रहे हैं और उसमें बाधा भी डाल रहे हैं। सीजेआई को लेटर में जीतूपटवारी ने लिखा, “मै देश कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष जीतूपटवारी ग्वालियर हाई कोर्ट परिसर में सभी वर्गों की आपसी सहमति से एक प्रतिमा स्थापित करने के लिए आपके निर्देश की मांग कर रहा हूं।” जीतू पटवारी ने लिखा कि हाल में वकीलों के एक समूह ने परिसर में आंबेडकर की प्रतिमा स्थापित करना चाहा तो दूसरे पक्ष के वकीलों ने इसका विरोध किया और दोनों पक्षों के बीच झड़प देखनेको मिली। वकीलों के दूसरे पक्ष ने प्रस्तावित प्रतिमा स्थल पर राष्ट्रीय ध्वज लगाकर प्रतिमा स्थल को बंद करने का प्रयास किया है।”
जीतूपटवारी ने अपने लेटर में लिखा कि फरवरी महीने में कुछ वकीलों नेआंबेडकर प्रतिमा स्थापित करने को लेकर उच्च न्यायालय को आवेदन भेजा था। इस मामले में जांच करने वाली समिति ने प्रतिमा स्थापित करने की अनुमति दे दी थी, लेकिन प्रतिमा स्थापित करने के दौरान कुछ वकीलों ने इसका विरोध करना शुरु कर दिया। लेटर में जीतू ने सीजेआई से मामले में हतक्षेप की मांग करते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट परिसर मेंआंबेडकर की मूर्ति पहले से है, इसलिए कृपया करके इन विवादों को सुलझाते हुए, परिसर में आंबेडकर की मूर्ति स्थापित करनेका आदेश दीजिए।
सौजन्य :हिंदुस्तान लाइव
नोट: यह समाचार मूल रूप सेhttps://www.livehindustan.com/ma पर प्रकाशित किया गया है और इसका उपयोग विशुद्ध रूप से गैर-लाभकारी/गैर-वाणिज्यिक उद्देश्यों, विशेष रूप से मानवाधिकारों के लिए किया जाता है।









