आम आदमी, फिर भी पुलिस के पहरे के बीच निकली इस दूल्हे की बारात, 60 जवान रहे तैनात! लोगों की फट गई आंखें
जिले में दलित दूल्हे की बिंदौरी निकाली गई. इस दौरान उनकी सुरक्षा में पुलिस के 60 से अधिक जवान सुरक्षा में तैनात रहे. पुलिस ने गांव में पहुंचकर 15 से ज्यादा लोगों को पाबंद किया था.
झुंझुनूं. झुंझुनूं में 4 थानों की पुलिस के पहरे में दलित दूल्हे की बिंदौरी निकाली गई. बिंदौरी के दौरान दूल्हे और उसके परिजनों की सुरक्षा के लिए पुलिस के 60 जवान तैनात रहे. मामला मेहाड़ा थाना इलाके के त्यौदा पंचायत के गोविंदासपुरा गांव का है. दरअसल, पुलिस को दलित दूल्हे को घोड़ी पर नहीं बैठने देने की शिकायत मिली थी.
थाना अधिकारी भजनाराम ने बताया कि 15 फरवरी को गोविंदासपुरा के राकेश कुमार पुत्र मदनलाल की शादी थी. 9 फरवरी को राकेश का लग्न-टीका का कार्यक्रम था. इस दौरान कुछ युवकों ने परिवार के लोगों को शादी के दिन राकेश की बिंदौरी घोड़ी पर नहीं निकालने की धमकी दी थी. इस पर मदनलाल ने उसी दिन मेहाड़ा थाने में शिकायत दी थी. पुलिस ने गांव में पहुंचकर 15 से ज्यादा लोगों को पाबंद किया था.
थानाधिकारी भजनाराम ने बताया कि इसके बाद परिजन झगड़े की आशंका को देखते हुए झुंझुनूं एसपी शरद चौधरी के पास पहुंचे और बिंदौरी में सुरक्षा की मांग की. एसपी ने शनिवार को मेहाड़ा, खेतड़ी, खेतड़ी नगर और बबाई थाने के साथ पुलिस लाइन से क्यूआरटी टीम समेत 60 जवानों को गांव में तैनात किया. इसके बाद पुलिस की कड़ी सुरक्षा के बीच बिंदौरी निकाली गई. दूल्हा घोड़ी पर सवार होकर गांव में घूमा. इसके बाद बारात हरियाणा में नारनौल के शोभापुर के लिए रवाना हुई. भजनाराम ने बताया- पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्वक संपन्न हुआ. किसी प्रकार की अप्रिय घटना नहीं हुई. पुलिस ने बताया कि परिवार में दूल्हा राकेश समेत 5 भाई हैं. दूल्हा राकेश गुरुग्राम (हरियाणा) में एक प्राइवेट कंपनी में काम करता है. उसके पिता मदनलाल मजदूरी करते हैं.
साभार : हिंदी.न्यूज़ 18
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