क्या तुम बांग्लादेशी हो? केरल में भीड़ ने दलित युवक को पीट-पीटकर मार डाला
पुलिस ने इस घटना में अब तक पांच लोगों को गिरफ्तार किया है और अपराध के पीछे की असली वजह तथा घटनाक्रम की पूरी कड़ी जानने के लिए विस्तृत जांच जारी है।
बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या के बाद भारत में आक्रोश है। केरल से एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है। दरअसल, पलक्कड़ जिले में दलित युवक को बांग्लादेशी समझकर भीड़ ने मौत के घाट उतार दिया। युवक छत्तीसगढ़ से काम करने केरल आया था। घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश फैल गया और प्रवासी मजदूरों के बीच डर का माहौल पैदा हो गया।
मृतक की हुई पहचान
मृतक की पहचान छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले के करही गांव निवासी रामनारायण बघेल के रूप में हुई है। दरअसल, वह काम की तलाश में 13 दिसंबर को केरल के पालक्काड़ पहुंचे थे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक दलित युवक को इलाके में हुई चोरी की घटना के बाद गलती से चोर समझ लिया और लोगों ने उसकी लाठियों से बेरहमी से पिटाई कर दी, जिससे युवक को गंभीर चोट आई और मौत हो गई। पीटने से पहले भीड़ ने पूछा की क्या तुम बांग्लादेशी हो?
क्षेत्र में तनाव का माहौल
बता दें कि दलित युवक की हत्या के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया है। जिसको मद्देनजर रखते हुए किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी। पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर लिया है। वहीं घटना की जानकारी मृतक के परिजनों को दे दी है।
पांच लोगों को किया गिरफ्तार
पुलिस ने इस घटना में अब तक पांच लोगों को गिरफ्तार किया है और अपराध के पीछे की असली वजह तथा घटनाक्रम की पूरी कड़ी जानने के लिए विस्तृत जांच जारी है। पुलिस के मुताबिक, पोस्टमार्टम समेत सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए उसके पैतृक गांव भेजा जाएगा।
मृतक के रिश्तेदार ने घटना के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि रामनारायण उसी गांव के एक दूर के रिश्तेदार शशिकांत बघेल के कहने पर केरल गए थे। उन्होंने बताया कि रामनारायण बेहद गरीब थे और अपने पीछे पत्नी ललिता तथा आठ और नौ वर्ष के दो छोटे बेटे छोड़ गए हैं।
सौजन्य : पत्रिका
नोट: यह समाचार मूल रूप सेhttps://www.patrika.com/national-ne पर प्रकाशित किया गया है और इसका उपयोग विशुद्ध रूप से गैर-लाभकारी/गैर-वाणिज्यिक उद्देश्यों, विशेष रूप से मानवाधिकारों के लिए किया जाता है।









