राहुल का तेलंगाना की जनता से वादा, कांग्रेस सरकार बनी तो बुजुर्गों और विधवाओं को मिलेगी 4 हजार पेंशन
हैदराबाद । तेलंगाना में कांग्रेस ने चुनावी कैंपेन की शुरुआत कर दी है. रविवार को कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने खम्मम में जनसभा को संबोधित किया और राज्य की केसीआर सरकार पर हमला बोला. राहुल ने तेलंगाना की जनता से वादे किए और सरकार बनने पर 4000 रुपये प्रति महीना पेंशन देने की घोषणा की है. तेलंगाना में कांग्रेस की गारंटी को ‘चेयुथा’ नाम दिया गया है.
राहुल गांधी ने कहा, तेलंगाना में कांग्रेस की सरकार बनी तो बुजुर्गों, विधवा महिलाओं, दिव्यांगों, बीड़ी श्रमिकों, हथकरघा श्रमिकों, एड्स पीड़ितों, पायलेरिया और डायलिसिस मरीजों के लिए 4,000 रुपये पेंशन दी जाएगी. यहां आदिवासियों को ‘पोडू’ जमीन दी जाएगी.
मोदी के हाथ में है केसीआर का रिमोट कंट्रोल
राहुल ने के चंद्रशेखर की बीआरएस सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने कहा, संसद में कांग्रेस, BJP के खिलाफ खड़ी रही, लेकिन TRS और तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने BJP की B-टीम बनकर काम किया. जब हमने किसान बिल का मुद्दा उठाया तो संसद में TRS ने BJP की पूरी मदद की. नरेंद्र मोदी जो चाहते हैं आपके CM कर देते हैं, क्योंकि नरेंद्र मोदी के हाथ में तेलंगाना के मुख्यमंत्री का रिमोट कंट्रोल है. भ्रष्टाचार में तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने कोई कमी नहीं छोड़ी. कालेश्वरम प्रोजेक्ट में उन्होंने 1 लाख करोड़ रुपए छीने.
राज्य सरकार ने गरीबों और मजदूरों का सपना कुचला
राहुल ने कहा, ‘भारत जोड़ो यात्रा’ में आपने मुझे बताया था कि CM किस प्रकार से धरणी पोर्टल से आपकी जमीन छीन रहे हैं।. तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने किसानों, दलितों, युवाओं, आदिवासियों.. सबसे धन छीना है. तेलंगाना गरीबों, किसानों और मजदूरों का सपना था, जिसे TRS ने कुचलने का काम किया और फिर अपना नाम भी बदल दिया. अब TRS का नया नाम है BRS यानी ‘BJP रिश्तेदार समिति’.
कांग्रेस दिलाएगी आपका हक
उन्होंने कहा, तेलंगाना के CM सोचते हैं कि वे तेलंगाना के राजा हैं, जो जमीन इंदिरा अम्मा और कांग्रेस ने दलितों, आदिवासियों और गरीबों को दी थी, उसे TRS वापस ले रही है. लेकिन ये जमीन और आपका हक कांग्रेस आपको वापस करेगी.
ये लड़ाई बीजेपी की बी टीम से है
राहुल ने कहा, तेलंगाना में बीजेपी नहीं है, उन्हें इसकी कमी महसूस नहीं हो सकी. पहले लोग कहते थे कि तेलंगाना में बीआरएस, बीजेपी और कांग्रेस के बीच लड़ाई है. लेकिन अब राज्य में बीजेपी खत्म हो गई है और उसके चारों टायर पंक्चर हो गए हैं. अब तेलंगाना में कांग्रेस और बीजेपी की बी-टीम के बीच लड़ाई है. दिल्ली में विपक्षी पार्टी की बैठक थी, विपक्षी पार्टी के नेताओं ने कहा कि बीआरएस और कांग्रेस साथ आएंगे. हमने उनसे कहा कि यदि बीआरएस को बुलाया गया तो हम बैठक में शामिल नहीं होंगे. हम बीजेपी की बी टीम को हराएंगे, उनके साथ हमारा कोई गठबंधन नहीं होगा.
कर्नाटक में हराया, अब तेलंगाना में भी हराएंगे
कुछ महीने पहले हम कर्नाटक में लड़े थे. वहां भी गरीब विरोधी और भ्रष्ट सरकार थी. कांग्रेस ने उस सरकार को हरा दिया. कर्नाटक का हर गरीब कांग्रेस के साथ खड़ा था. एक तरफ बीजेपी और उसके अरबपति समर्थक थे. दूसरी तरफ गरीब, किसान, दलित, आदिवासी, अल्पसंख्यक थे. तेलंगाना में भी यही होने जा रहा है. एक तरफ सीएम, उनका परिवार और उनके 10-15 दोस्त हैं और दूसरी तरफ किसान, मजदूर, आदिवासी, गरीब और कमजोर लोग हैं. जिस तरह हमने कर्नाटक में बीजेपी को हराया, उसी तरह हम तेलंगाना में उसकी बी-टीम को हराएंगे.
बीजेपी रिश्तेदार समिति नाम रख लिया
राहुल ने कहा, तेलंगाना में शराब घोटाले में क्या हुआ, एजेंसियों को सब पता है, इसीलिए मैंने कहा कि टीआरएस बीजेपी की बी-टीम है. उन्होंने इसे स्वीकार कर लिया और अपना नाम बदलकर बीआरएस – ‘बीजेपी रिश्तेदार समिति’ रख लिया. हम उन्हें यहां हराएंगे. मैं कांग्रेस कार्यकर्ताओं से कहना चाहता हूं कि आपने कर्नाटक में अपनी ताकत दिखाई है, उसी तरह यहां भी दिखानी है और बीआरएस को हराना है.
राहुल ने कहा, आज मैं पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी का स्वागत करता हूं कि उन्होंने कांग्रेस पार्टी की विचारधारा को स्वीकार किया है. टीआरएस (अब बीआरएस) ने आप (रेड्डी) पर कई बार हमला किया लेकिन आप पार्टी के साथ खड़े रहे. टीआरएस ने आपके सारे सपनों को खत्म कर दिया. भारत जोड़ो यात्रा के दौरान आपने मुझे बताया था कि कैसे मुख्यमंत्री ने आपकी जमीन छीन ली है.
भारत जोड़ो यात्रा का पूरे देश ने समर्थन किया
उन्होंने आगे कहा, हमने भारत जोड़ो यात्रा के दौरान देश को एकजुट करने की बात की. पूरे देश ने यात्रा का समर्थन किया और दिखाया कि वे नफरत और हिंसा फैलाने का समर्थन नहीं करते बल्कि देश को एकजुट करने का समर्थन करते हैं. खम्मम कांग्रेस का गढ़ है और लोगों ने हमेशा अपना समर्थन दिखाया है. यहां के लोग हमारी विचारधारा को समझते हैं. तेलंगाना एक सपना था, गरीबों, किसानों और मजदूरों का सपना. 9 साल तक टीआरएस ने इस सपने को कुचलने की कोशिश की.
राहुल ने कहा, हमारे दरवाजे उन लोगों के लिए खुले हैं जिन्होंने पहले कांग्रेस पार्टी छोड़ दी थी लेकिन अभी भी हमारी विचारधारा में विश्वास करते हैं. लेकिन हमें उन लोगों से कोई लेना-देना नहीं है जो बीजेपी या बीआरएस की विचारधारा में विश्वास करते हैं.
सौजन्य : Agniban
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