मुरादाबाद के इस गांव के दलित परिवारों ने दी पलायन की धमकी, घर के बाहर चिपकाए पलायन के पोस्टर
दलित परिवारों ने गांव से पलायन के पोस्टर किए चस्पा,पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप
मुरादाबाद (उ प्र): मूढ़ापांड़े ब्लाक के वीरपुर बरियार गांव में दलित परिवारों ने गांव से पलायन की धमकी दी है। दलित परिवार के लोगों का आरोप हैं, पतंग लूटने के विवाद में धर्म विशेष समुदाय के लोगों ने घर में घुसकर मारपीट की। इसके बाद आरोपितों ने उल्टे थाने में जाकर मुकदमा दर्ज करा दिया। वहीं थाना पुलिस आरोपितों का पक्ष ले रही है। इसी बात से आहत होकर गांव के दलित परिवार घर बाहर पोस्टर चस्पा करके पलायन की धमकी दी है। वहीं इस मामले में भारतीय वाल्मीकी धर्म समाज संगठन ने सीएम को शिकायत पत्र भेजकर कार्रवाई की मांग की है।
मूढ़ापांड़े थाना क्षेत्र के वीरपुर बरियार गांव में अंगन अपने परिवार के साथ रहता है। उनके चार बेटे हैं। पीड़ित अंगंन ने बताया कि बीते 24 अगस्त को वह घर से बाहर गए थे। घर में उनका सबसे छोटा बेटा रोहित कुमार था। इस दौरान वह घर के बाहर खेल रहा था,तभी उसने एक पतंग कटते हुए देखी। वह अन्य बच्चों के साथ ही कटी हुई पतंग लेने पहुंच गए। इसी दौरान वह पतंग उसके हाथ में आ गई,और उसे लेकर घर दौड़कर आ गया। इसी दौरान दूसरे धर्म संप्रदाय के लोगों ने पतंग लूटने पर अचानक घर में आकर बच्चे को पीटना शुरू कर दिया। जब मामले की शिकायत करने के लिए थाने पहुंचे तो पुलिस कर्मियों ने अभद्रता करते हुए उल्टे पीड़ित बच्चे के खिलाफ ही मुकदमा दर्ज कर दिया।
बीते एक सप्ताह से डीएम और एसएसपी कार्यालय में शिकायत के बाद जब कोई कार्रवाई नहीं हुई,तो वाल्मीकी समाज के लोगों ने गांव में घरों के बाहर घर बेचने के पोस्टर चस्पा कर दिए। पीड़ित परिवार के सदस्य ज्ञानी ने बताया कि गांव में पहले भी कई मामले हो चुके हैं। लेकिन पुलिस हमेशा धर्म विशेष के लोगों का पक्ष लेती है। वहीं उन्होंने आरोप लगाया कि गांव के कुछ दबंग समझौता करने का दबाव बना रहे हैं। वहीं समझौता नहीं करने पर गांव से बाहर भगाने की धमकी भी दे रहे हैं।
भावाधस ने मुख्यमंत्री को भेजा शिकायती पत्रः भारतीय वाल्मीकी धर्म समाज संगठन के सर्वोच्च निदेशक लल्ला बाबू द्रविड ने इस मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को शिकायती पत्र भेजकर कार्रवाई की जाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की लापरवाही के चलते गांव से वाल्मीकी समाज के लोगों का पलायन हो रहा है। इस मामले में शासन को गंभीरता से लेते हुए कड़े कदम उठाने की मांग की है।
थानेदार बोले अमरूद तोड़ने का विवादः
मूढ़ापांड़े थाना प्रभारी नवाब सिंह ने कहा कि पतंग का कोई विवाद नहीं था। बल्कि रोहित और उसका भाई अमर गांव के बाहर बगीचे से चोरी से अमरूद तोड़ रहे थे। इसी दौरान बगीचे में बैठे लोगों ने उन्हें रोकना चाहा,तो रोहित और अमर ने ताहिर नाम के युवक की पिटाई कर दी। जिसके बाद पीड़ित की तहरीर पर मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई की गई थी। वहीं जो परिवार कार्रवाई न करने का आरोप लगा रहा है,वह भी क्रास मुकदमा दर्ज कराना चाहता था। जब उनके अनुरूप कार्रवाई नहीं हुई तो यह अर्नगल आरोप लगाए जा रहे हैं।
सौजन्य: दैनिक जागरण
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