ट्रांसजेंडर शिक्षिका को निकाले जाने का मामला-डीआईओएस ने स्कूल प्रबंधन से मांगा जवाब
लखीमपुर खीरी। मोहम्मदी के उमा देवी चिल्ड्रेंस एकेडमी में नियुक्ति के एक हफ्ते बाद ट्रांसजेंडर महिला शिक्षक को निकाले जाने के मामले में डीआईओएस ने स्कूल प्रबंधन को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया। प्रबंधन ने सेवा नियमावली व अन्य शर्तों के बारे में डीआईओएस को जवाब सौंप दिया है। प्रकरण पर राष्ट्रीय महिला आयोग ने प्रदेश के मुख्य सचिव को पत्र भेजा था।
दिल्ली की बुराड़ी निवासी ट्रांसजेंडर महिला जेन कौशिक ने आरोप लगाया था कि 25 नवंबर को उमा देवी चिल्ड्रेंस एकेडमी में उन्हें समाज विज्ञान के प्रवक्ता पद पर नियुक्ति दी गई। तीन दिसंबर को उनसे जबरन इस्तीफा ले लिया गया। नियुक्ति के समय उनसे ट्रांसजेंडर की पहचान छिपाने की बात कही गई थी लेकिन वह अपनी पहचान नहीं छिपा सकीं। इसी बात को लेकर उनसे इस्तीफा ले लिया गया।
जेन कौशिक ने दिल्ली पहुंचकर दिल्ली महिला आयोग से शिकायत की थी। मामले का राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी संज्ञान लिया। आयोग की चेयरपर्सन रेखा शर्मा ने 8 दिसंबर को यूपी के मुख्य सचिव को पत्र लिखकर मामले की स्वतंत्र जांच की मांग की। आरोप सही पाए जाने पर स्कूल के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने और सात दिन के अंदर रिपोर्ट आयोग को भेजने के लिए निर्देशित किया। पत्र की एक कॉपी डीएम खीरी को भी भेजी गई थी।
इन बिंदुओं पर मांगा जवाब
शिक्षकों की नियुक्ति, सेवा नियमावली की प्रति, शिक्षिका के आवेदन पत्र की प्रति, शिक्षिका को किस विषय के शिक्षक के रुप में नियुक्त किया गया और उनके शिक्षण कार्य व परीक्षाफल की प्रतियों समेत ट्रांसजेंडर महिला शिक्षक को बर्खास्त करने में सेवा नियमावली का पालन किया गया या नहीं।
पुलिस की जांच पूरी
इंस्पेक्टर अंबर सिंह ने बताया कि मामले में स्कूल प्रबंधन समेत कई लोगों के बयान लिए गए हैं। उच्चाधिकारी ही इस मामले में कोई निर्णय करेंगे। एसपी संजीव सुमन ने बताया कि मामले में प्रशासन की जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्यवाही की जाएगी।
ट्रांसजेंडर महिला ने चलाया ऑनलाइन कैंपेन
ट्रांसजेंडर महिला ने स्कूल प्रबंधन के खिलाफ डीएम महेंद्र बहादुर सिंह को संबोधित एक ऑनलाइन पिटिशन कैंपेन शुरू किया है, जिसमें अपनी बात रखते हुए ट्रांसजेंडर के अधिकारों के बारे में समर्थन मांगा है। इस ऑनलाइन पिटिशन कैंपेन में अब तक 2891 से ज्यादा हस्ताक्षर हो चुके हैं।
डीएम के निर्देश पर मोहम्मदी के उमा देवी चिल्ड्रेन एकेडमी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया था। सोमवार की शाम तक का वक्त था। जिस पर संबंधित पक्ष अपना जवाब दाखिल कर रहा है। इसके बाद जांच के बाद आगे की कार्यवाही होगी।
लक्ष्मीकांत पांडेय, प्रभारी डीआईओएस
शिक्षिका जेन कौशिक की तरफ से लगाए गए आरोप पूरी तरह निराधार हैं। अगर शिक्षिका को लगता हो कि वह समाज विज्ञान में पारंगत हैं, तो वह किसी भी विषय विशेषज्ञ को टेस्ट दें देे। वह पास हो जाती हैं तो फिर से उनका स्वागत है। बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ नहीं किया जा सकता।
सनी गुप्ता, एमडी, उमा देवी चिल्ड्रेंस एकेडमी
सौजन्य : अमर उजाला
दिनाक :13 दिसंबर 20 22









