जंतर-मंतर समझौता निभाए सरकार, आत्महत्या करने वाली आजमगढ़ की नीट छात्रा सृष्टि यादव के परिवार को दे मुआवजा
आन्दोलन की समाप्ति धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे के साथ इसी शर्त पर हुई कि नीट मृतक छात्रों के परिजनों को मुआवजा और प्रदर्शनकारियों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने होंगे। ऐसे में नीट परीक्षा से जुडे़ विवाद और तनाव के चलते जान गंवाने वाले छात्रों के परिवारों को तत्काल वित्तीय मुआवजा दिया जाए|
आजमगढ़ । किसान नेता राजीव यादव ने आत्महत्या करने वाली आजमगढ़ की नीट छात्रा सृष्टि यादव के परिजनों को मुआवजा देने की मांग की। सोशलिस्ट किसान सभा महासचिव राजीव यादव ने जंतर-मंतर पर नीट पेपर लीक और छात्रों की आत्महत्या के खिलाफ चले आन्दोलन में सरकार द्वारा आन्दोलनकारियों के साथ हुए समझौते की याद दिलाते हुए आजमगढ़ की नीट छात्रा सृष्टि यादव के परिजनों को एक करोड़ रुपया मुआवजा देने की मांग की। राजीव ने कहा कि आन्दोलन की समाप्ति धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे के साथ इसी शर्त पर हुई कि नीट मृतक छात्रों के परिजनों को मुआवजा और प्रदर्शनकारियों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने होंगे। ऐसे में नीट परीक्षा से जुडे़ विवाद और तनाव के चलते जान गंवाने वाले छात्रों के परिवारों को तत्काल वित्तीय मुआवजा दिया जाए।
राजीव ने बताया कि पिछले दिनों प्रतिनिधि मण्डल के साथ सृष्टि के परिजनों से मुलाकात की। उनकी मां ने बताया कि सामान्य दिनों की तरह वह उस दिन भी थी। आमतौर पर वह नाश्ता-खाना बना देती थी और वह पढ़ाने के लिए उस दिन भी चली गईं। सृष्टि के आत्महत्या के सवाल पर उन्होंने कहा कि वह जीवन के प्रति कितनी सजग थी इस बात से समझा जा सकता है कि उसके मोबाइल का टैम्पलेट टूट गया तो वह उसे तुरन्त बदलवाई की कहीं उसे खरोंच न लग जाए। उनकी मां बताती हैं कि घर को साफ सुथरा घर को व्यवस्थित करना उसकी आदत थी। घर में पोछा लगाते वक्त उसकी अंगुली कट गई तो वह तुरन्त टिटनेस का इंजेक्शन लगाने की बात कहने लगी तो घर के आस-पास के लोग मजाक करने लगे कितना सोचती है।
सौजन्य :जस्टिस न्यूज़
माध्यम :समाचार पत्र









