दिल्ली; छात्रा का आरोप- यूनिवर्सिटी कैंपस में दबोचा, टी-शर्ट फाड़ी:पैंट उतारने की कोशिश, जबरदस्ती अबॉर्शन पिल खिलाई; FIR दर्ज, चारों आरोपी फरार
दिल्ली में साउथ एशियन यूनिवर्सिटी (SAU) की एक 18 साल की छात्रा के साथ जबरदस्ती करने की घटना सामने आई है। हादसा 12 अक्टूबर की देर रात हुआ। पीड़ित ने शिकायत में बताया कि चार आरोपियों ने यूनिवर्सिटी कैंपस में मुझे दबोच लिया और टी-शर्ट फाड़ दी। आरोपियों ने पैंट उतारने की भी कोशिश की।
पीड़ित ने जब खुद का बचाव किया तो आरोपी ने उसकी जांघ पर पैर रख दिया। फिर आंखों में उंगली डाल दी। एक आरोपी ने जबरदस्ती मुंह खोल दिया और अबॉर्शन पिल खिला दी। हालांकि दवाई खिलाने की वजह सामने नहीं आई है। पुलिस ने मंगलवार को बताया कि पीड़ित बीटेक फर्स्ट ईयर की स्टूडेंट है। वह 13 अक्टूबर की सुबह परिसर में घायल अवस्था में मिली थी। पीड़ित ने FIR दर्ज कराई है, चारों आरोपी फरार हैं।
घटना के विरोध में यूनिवर्सिटी के एडमिनिस्ट्रेशन ब्लॉक में छात्रों ने प्रदर्शन किया।
घटना के विरोध में यूनिवर्सिटी के एडमिनिस्ट्रेशन ब्लॉक में छात्रों ने प्रदर्शन किया।
क्या है पूरा मामला…5 पॉइंट में
1) युवती ने अपनी FIR में आरोप लगाया है कि घटना से कुछ दिन पहले आर्यन यश नाम के एक व्यक्ति ने उसे ईमेल और सोशल मीडिया पर अश्लील और धमकी भरे मैसेज भेजे थे।
2) इसके बाद वॉट्सएप और टेलीग्राम पर भी मैसेज आने लगे, जिसमें भेजने वाले ने छात्रा की प्रोफाइल फोटो को एडिट करके न्यूड बनाकर धमकी दी कि अगर वह एक घंटे में यूनिवर्सिटी के गेट नंबर 3 पर नहीं आई तो फोटो सभी छात्रों को भेज दी जाएगी।
3) डर के चलते छात्रा हॉस्टल से निकलकर बाहर आई और बिल्डिंग के पीछे चली गई। वहां कंस्ट्रक्शन का काम भी चल रहा था। थोड़ी दूर चलने पर एक गार्ड आया, उसने पूछा कहां जा रही हो।
4) पीड़ित ने FIR में यह भी आरोप लगाया कि एक आरोपी ने जांघों पर पैर रखा, सिर पर मारा और उसकी आंखों में उंगलियां डाल दीं। एक ने मुंह में अबॉर्शन पिल डाल दी, हालांकि मैंने पिल थूक दी थी।
5) इस बीच यूनिवर्सिटी का एक कर्मचारी मौके पर पहुंचा तो आरोपी पीड़ित को घायल अवस्था में छोड़कर भाग गए। बाद में छात्रा के दोस्त आए और उसे वापस हॉस्टल ले गए।
पुलिस बोली- सीसीटीवी से आरोपियों का पता लगाया जा रहा है
साउथ दिल्ली के DCP अंकित चौहान ने कहा, आरोपियों का पता लगाने के लिए कैंपस से CCTV फुटेज निकाले जा रहे हैं और सभी सुरागों का पता लगाया जा रहा है।
यूनिवर्सिटी ने भी घटना की जांच के लिए एक समिति का गठन किया है और 10 दिनों में रिपोर्ट देने को कहा। उधर घटना के बाद परिसर में विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए, छात्रों ने प्रशासनिक भवन में आठ घंटे से ज्यादा समय तक धरना दिया।
सौजन्य :दैनिक भास्कर
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