राष्टवादी स्वच्छकार परिषद् ने अनुसूचित जाति जाति जनजाति आयोग के सदस्य मान्यीय श्री रमेश कुंडे जी को सफाई कर्मचरियों के सम्बन्ध में हो रहे शोषण एवं समस्याओ के सम्बन्ध ज्ञापन दिया :कानपुर यूपी
देश और मानवता की सबसे महत्वपूर्ण सेवा करने वाले सफाई कर्मचारी वर्ग जिसके माननीय प्रधानमंत्री मोदी जी ने पाँव धोये ,कोरोना योद्धा कहा महात्मा गाँधी ने जिन्हें डॉक्टर की तरह सम्मानित कहा तथा माँ की तरह पूज्यनीय माना आज उसी सफाई कर्मचारी वर्ग के सविधानिक अधिकारों मूल अधिकारों ,मानवाधिकार ,श्रमिक अधिकारों , दलित अधिकारों ,महिला अधिकारों के साथ साथ विभागीय अधिकारों का भी भयंकर शोषण हो रहा है |
यह वर्ग असहाय ,दुखी तथा भयभीत है |नगर निगम के अधिकारीगण ,पार्षद ,स्थानीय नेता तथा जनता सबका भयंकर दबाव है जिस कारण यह आसानी से लूट का शिकार हो रहे है |श्रीमान जी हमारा संघटन कृत संकल्पित होकर सफाई कर्मचारी वर्ग के लिए ही काम करता है इसलिए इनकी इनकी तकलीफों से पूरी तरह वाकिफ है |आपके द्वारा इन असहाय मेहनतकश सफाई कर्मचारियों की समस्याओ का निदान हो सकता है |इसी आशा और विश्वास के साथ राष्टवादी स्वच्छकार परिषद् आपके समक्ष निम्नलिखित 22 सूत्रीय मांग पत्र प्रस्तुत करता है |
1 )नगर निगम कानपूर मुख्यालय के सामने सफाई कर्मचरियों के मसीहा कोमरेट नागेश्वर बाल्मीकि की प्रतिमा की स्थापना हो|
2)सफाई कर्मचरियों के जो अधिकार है उनकी सुरक्षा तथा सम्मान के जो प्रावधान है वो नगर निगम मुख्यालय ,प्रतेक जोन तथा सभी वार्डो में मुख्य स्थानों में प्रकाशित किये जाये |
3)प्रतेक वार्ड के प्रतेक सफाई नायक /पर्वेक्षक के लिए हाजिरी स्थल का पक्का निर्माण हो जहाँ महिला कर्मचारी के लिए प्रसाधन की व्यवस्था तथा पीने का पानी का इन्तेजाम हो |
4)मृतक आर्श्रित की नौकरी अवेदंक की योगतानुसार ,दयालुता और मानवता की द्रष्टि से जितनी जल्दी हो दी जानी चाहिए चयन समिति की अवैधानिक व्यवस्था ख़त्म की जानी चाहिए |म्र्तक कर्मचारियों के आश्रितों को जितनी जल्दी हो समस्त भुगतान भी किये जाने चाहिए |
5)सफाई कर्मचारियों को दुसरे शनिवार त्यौहार या अन्य छुटियो (राष्टीय पर्वो )पर जो काम कराया जाता है |उसका उन्हें अलग से पैसा दिया जाना चाहिए |अन्य नियमित सेवा के विभागों में यह व्यवस्था लागू है |पुलिस विभाग में सार्वजानिक अवकाश पर काम करने वालो को एक माह का सी एल तथा एक महीने का अतिरिक्त वेतन दिया जाता है |
6)स्वीपर वेलफेअर फंड का पुनसंचालन कर नियमित किया जाना चाहिए |जिससे सफाई कर्मचारी समुदाय के कल्याण हेतु विभन्न योजनाये संचालित हो सके |
7)सफाई कर्मचरियों को नियमित रूप से झाड़ू ,पंजा ,वर्दी ,सुरक्षा उपकरण एवं सफाई के संसाधन दिए जाने चाहिए |हाथ कूड़ा गाड़ी के डिजायन में उनकी राय लेनी चाहिए क्योकि उन्हें ही उसे चलाना होता है | साथ ही कारखाने से गाड़ी लाने तथा टूटी गाड़ी ले जाने की जिम्मेदारी से मुक्त किया जाना चाहिए |
8)कार्यस्थल पर सफाई कर्मियों के साथ किसी भी तरह की घटना अपमान ,मारपीट ,दुर्घटना ,महिला कर्मियों के साथ छेडछाड आदि का सज्ञान विभाग को लेकर तुरंत अपनी तरफ से दोषियो पर कार्यवाही करनी चाहिए कर्मचारी को दोबारा सताए जाने , मारे जाने का भय न रहे विभाग की तरफ से ऐसी सुरक्षा का भरोसा दिया जाना चाहिए क्योकि यह विभाग की ही जिम्मेदारी है |
9)काम करते समय चोट आदि दुर्घटना में इलाज और आराम की व्यवस्था पूरी तरह से विभाग की तरफ से मुहैया कराई जानी चाहिए |चिकित्सक काल का उसका वेतन भी उसे दिया जाना चाहिए |जब तक आराम न मिले सवेतन छुट्टी मिलनी चाहिए |भले ही वह स्थाई हो ,सविदा ,अथवा आउट सोर्सिंग कर्मचारी हो |
10)सफाई नायको ,पर्वेक्षको ,मास्टर रोल केवल विभागीय अधिकारियो द्वारा ही जांचें जाने चाहिए |किसी अन्य द्वारा नहीं इससे सफाई कर्मचारियों प् अत्यधिक मानसिक दबाव आर्थिक शोषण तथा काम का बोझ बढता है |कई वार्ड के पार्षद मास्टर रोल अपने घर पर रखवाते है एवं खुद चेक करते है |यह व्यवस्था तत्काल ख़त्म होनी चाहिए \
11 )सविंदा सफाई कर्मचारियों का फंड आजतक काटा ही नहीं गया उनका फंड उनका फंड काटा जाये |
तथा म्रत्यु की दशा में सविदा पर ही उनके आश्रितों को नौकरी का प्रावधान लाया जाये |
12)अब तक दर्जनों सविंदा सफाई कर्मी मर चुके है |उनको उनकी ग्रेजुएटी नहीं दी गई जबकि किसी भी विभाग ,संस्था या कम्पनी में 5 साल निरंतर काम करने वाले कर्मचारी को ग्रेजुएटी पाने का अधिकार है |उन सभी कर्मचारियों के आर्षित को ग्रेजुएटी दी जाये |
13)एसीपी की व्यवस्था इतनी जटिल कर रखी है कि कर्मचारी का अधिकार होते हुए भी वो अपना शासन से आया हुआ पैसा भी नहीं उठा प् रहा है |वो क़र्ज़ उठाकर अपने जरुरी काम निपटा रहा है |सभी कर्मचारियों की सूची जारी हो चुकी है | उनको एसीपी का भुगतान तत्काल कर दिया जाये | उन्हें भुगतान हेतु बाबु एवं अधिकारियो के हाथ पैर जोड़ने , दलालों को घूस देने तथा कौर्ट से आदेश लाने की जरुरत न पड़े |
14 रिटायर्ड होने वाले कर्मचारी को उनकी सेवानिवृत्त के दिन ही उनके समस्त भुगतान देकर ससम्मान विदाई डी जानी चाहिए |
15)किसी भी तरह की बढ़ोतरी का लाभ ,, वेतन तथा भुगतान में सफाई कर्मियों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए वो न सिर्फ इस विभाग की रीड की हड्डी है |वो सबसे कठिन श्रम करते है उनके बल पर ही विभाग का संचालन होता है |राजस्व मिलता है |
16)सफाई कर्मचारियों को यदि वह चाहता है तो उसकी नियुक्ति उनके घर के आस पास की जानी चाहिए जिससे उनका समय तथा फिजूल खर्च होने वाला किराया बच सके |ट्रांसफर की प्रक्रिया सरल की जानी चाहिए |
17)सफाई कर्मचारियों को छुट्टिया जो कि उनका अधिकार है |उन्हें उनकी मांग पर दी जाये व्यवस्था की दृष्टि त्यौहार ,मेला ,शादी ,दौरा आदि बताकर कैंसिल न की जाये |साथ ही छुट्टी पाने की प्रक्रिया सरल की जाये| सफाई नायक /पर्यवेक्षक को छुट्टी देने का अधिकार मिले |
18)सफाई कर्मचारियों के पद पर जो भी अन्य जातियों के लोग भर्ती होकर चपरासी ,माली ,मैसेंजर ,सहायक आदि का काम कर रहे है |ये असवेधानिक है | अन्याय है |उन सभी को सफाई के काम में लगाया जाये |
19) सफाई कर्मचारियों को दो टाइम की हाजिरी से मुक्ति मिले ,अधे की शोषणकारी व्यवस्था समाप्त हो महिला सफाई कर्मियों की हाजिरी सुबह 8 बजे से पहले न हो |
20)सफाई कर्मचरियों की समस्या सुनने के लिए तहसील दिवस की तर्ज़ पर नगर निगम मुख्यालय अथवा जोन कार्यालय में वरिष्ठ अधिकारी ,जनप्रतिनिधि ,पत्रकार एवं वरिष्ठ समाज सेवी बैठकर कर्मचरियों के दुःख दर्द सुने तथा उनका तुरंत निदान करे |
21)सफाई कर्मचारी जिन विभागों में रहते है उसके ऐवज में इनका मकान भत्ता विभाग द्वारा काट लिया जाता है |परन्तु विभाग द्वारा उन कालोनियों के रख रखाव सफाई पुताई ,बिजली ,पानी ,सीवर तथा अन्य किसी प्रकार सुविधा नहीं दी जाती है |फिर किस अधिकार से रिटायर्डमेंट अथवा म्र्तक कर्मचारी का भुगतान विभाग द्वारा रोक लिया जाता है |यह पूरी तरह से गैर कानूनी है | तुरंत निदान होना चाहिए |
22)गाँधी जयंती पर कई कई दिनों का सिर्फ सफाई अभियान न लगाया जाये बल्कि सफाई कमियों की तकलीफों तथा जनता की समस्या को निपटाने हेतु विभाग के समस्त कार्यालय रात दिन काम करे क्योकि नगर निगम के लगभग सभी विभागों में सैकड़ो ,हजारो फाइलें धूल खा रही है उनका भी निपटान गाँधी जयंती के अवसर पर हो जाये ,जिससे विभाग उत्तम तथा सम्मानजनक छवि जनता में बन सके |
सौजन्य :जस्टिस न्यूज़









