Fatehpur News: दलित परिवार का मकान गिराए जाने पर भड़के विधायक जयकुमार सिंह, बोले- अन्याय बर्दाश्त नहीं
फतेहपुर जनपद के बिंदकी विधानसभा क्षेत्र के ग्राम बरमतपुर (मजरा भरसवां), थाना मलवां में एक दलित परिवार का प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत निर्मित मकान प्रशासन द्वारा बिना किसी पूर्व सूचना के ढहा दिए जाने पर क्षेत्र में आक्रोश व्याप्त है।
इस घटना की सूचना मिलते ही बिंदकी विधायक श्री जयकुमार सिंह ‘जैकी’ ने तत्काल घटनास्थल पर पहुँचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की और पूरे प्रकरण की वस्तुस्थिति का जायज़ा लिया।
पीड़ित परिवार की स्थिति बेहद दयनीय
80 वर्षीय विधवा दुखिया देवी अपने पाँच बेटों, बहुओं व नाती‑नातिनों सहित लगभग 20 सदस्यों के
साथ उक्त मकान में निवास कर रही थीं।
परिवार में दो पूर्णतः विकलांग सदस्य, एक विधवा बहू एवं कई छोटे बच्चे शामिल हैं।
प्रशासनिक कार्रवाई के दौरान न तो कोई नोटिस दिया गया, न ही परिवार को सामान निकालने का अवसर, जिससे राशन, कपड़े, किताबें व अन्य आवश्यक सामग्री मलबे में दब गई।
‘यह कार्रवाई सुनियोजित और पक्षपातपूर्ण प्रतीत होती है’ – विधायक
विधायक जयकुमार सिंह ‘जैकी’ ने प्रशासन की इस कार्रवाई को “सुनियोजित और पक्षपातपूर्ण” बताया।
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि उसी मार्ग पर बने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत अन्य 15 मकानों को नहीं छुआ गया, जो इस कार्रवाई की निष्पक्षता पर गंभीर संदेह पैदा करता है।
विधायक की तीन प्रमुख मांगें
पीड़ित परिवार को तुरंत राहत — भोजन, अस्थायी छत और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
स्थायी पुनर्वास की व्यवस्था — परिवार को स्थायी रूप से पुनर्स्थापित किया जाए।
निष्पक्ष जांच एवं दोषियों पर कार्रवाई — मामले की उच्चस्तरीय जांच कराकर दोषी अधिकारियों पर कठोर कार्रवाई की जाए।
“न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रहेगा” – विधायक
विधायक श्री जयकुमार सिंह ‘जैकी’ ने स्पष्ट किया कि जब तक पीड़ित परिवार को पूरा न्याय नहीं मिलता, वे इस मुद्दे को हर स्तर और मंच पर मजबूती से उठाते रहेंगे।
दलित परिवार का मकान गिराए जाने पर भड़के विधायक जयकुमार सिंह, बोले- अन्याय बर्दाश्त नहीं
फतेहपुर जनपद के बिंदकी विधानसभा क्षेत्र के ग्राम बरमतपुर (मजरा भरसवां), थाना मलवां में एक दलित परिवार का प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत निर्मित मकान प्रशासन द्वारा बिना किसी पूर्व सूचना के ढहा दिए जाने पर क्षेत्र में आक्रोश व्याप्त है।
इस घटना की सूचना मिलते ही बिंदकी विधायक श्री जयकुमार सिंह ‘जैकी’ ने तत्काल घटनास्थल पर पहुँचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की और पूरे प्रकरण की वस्तुस्थिति का जायज़ा लिया।
पीड़ित परिवार की स्थिति बेहद दयनीय
80 वर्षीय विधवा दुखिया देवी अपने पाँच बेटों, बहुओं व नाती‑नातिनों सहित लगभग 20 सदस्यों के साथ उक्त मकान में निवास कर रही थीं।
परिवार में दो पूर्णतः विकलांग सदस्य, एक विधवा बहू एवं कई छोटे बच्चे शामिल हैं।
प्रशासनिक कार्रवाई के दौरान न तो कोई नोटिस दिया गया, न ही परिवार को सामान निकालने का अवसर, जिससे राशन, कपड़े, किताबें व अन्य आवश्यक सामग्री मलबे में दब गई।
‘यह कार्रवाई सुनियोजित और पक्षपातपूर्ण प्रतीत होती है’ – विधायक
विधायक जयकुमार सिंह ‘जैकी’ ने प्रशासन की इस कार्रवाई को “सुनियोजित और पक्षपातपूर्ण” बताया।
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि उसी मार्ग पर बने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत अन्य 15 मकानों को नहीं छुआ गया, जो इस कार्रवाई की निष्पक्षता पर गंभीर संदेह पैदा करता है।
विधायक की तीन प्रमुख मांगें
पीड़ित परिवार को तुरंत राहत — भोजन, अस्थायी छत और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
स्थायी पुनर्वास की व्यवस्था — परिवार को स्थायी रूप से पुनर्स्थापित किया जाए।
निष्पक्ष जांच एवं दोषियों पर कार्रवाई — मामले की उच्चस्तरीय जांच कराकर दोषी अधिकारियों पर कठोर कार्रवाई की जाए।
“न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रहेगा” – विधायक
विधायक श्री जयकुमार सिंह ‘जैकी’ ने स्पष्ट किया कि जब तक पीड़ित परिवार को पूरा न्याय नहीं मिलता, वे इस मुद्दे को हर स्तर और मंच पर मजबूती से उठाते रहेंगे।
सौजन्य :द सन्देश वाहक
नोट: यह समाचार मूल रूप से https://www.thesandeshwahak.com/प्रकाशित किया गयाहै और इसका उपयोग विशुद्ध रूप से गैर-लाभकारी/गैर-वाणिज्यिक उद्देश्यों, विशेष रूप से मानवाधिकारों के लिए किया जाता है।









