मेरठ :लावड़ में दलित महिलाओं पर पुलिस ने बरपाया कहर
मेरठ: पुरानी रंजिश में दो भाइयों के बीच झगड़े की सूचना पहुंची पुलिस द्वारा दलित महिलाओं के साथ मारपीट के मामले में भीम आर्मी ने पीड़ित महिलाओं के साथ एसएसपी कार्यालय पर प्रदर्शन किया। भीम आर्मी ने मामले में कार्रवाई न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
शुक्रवार को भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष आदेश कुमार के नेतृत्व में कस्बा लावड़ की पीड़ित दलित महिलाएं और अन्य ग्रामीण एसएसपी कार्यालय पहुंचें। इस दौरान उन्होंने प्रदर्शन करते हुए आरोप लगाए कि लावड़ चौकी पर तैनात पुलिस के प्रशिक्षु दारोगा ने महिलाओं पर बेरहमी से लाठियां बरसाई। इससे कई महिलाएं गंभीर रूप से घायल हो गई। इसके बाद एसएसपी की गैर मौजूदगी सीओ ब्रह्मपुरी को सौंपे गए शिकायती पत्र में बताया कि गत सात मई की शाम सतपाल के पुत्र सुशील व सुनील के बीच कहासुनी हो गई थी। इस पर किसी ने लावड़ चौकी पुलिस को सूचना दे दी। पुलिस मौके पर पहुंची तो पीड़ित पक्ष ने किसी तरह के विवाद से इंकार कर दिया। आरोप है कि सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस सुशील तथा उसकी वृद्ध माता रोशनी देवी को पकड़कर ले जाने लगी। विरोध करने पर पड़ोसी बीच-बचाव करने आए तो पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया।
जिसमें महिलाओं और बच्चों को गंभीर चोटें आई हैं। इसके बाद पुलिस सुनील की पत्नी को चौकी पर ले गई, जहां महिला और अन्य के साथ मारपीट की। सुनील ने पुलिस की पिटाई से अपनी पत्नी के दोनों हाथ टूटने का दावा किया है। भीम आर्मी के पदाधिकारियों ने दो वीडियो भी दिखाई जिसमें पुलिस महिलाओं पर लाठियां फटकार रही हैं। साथ ही, एक महिला को गंभीर चोटें लगी हैं। दूसरी ओर, एसपी देहात राकेश मिश्रा का कहना है कि पुलिस झगड़े की सूचना पर जब मौके पर पहुंची तो उसके साथ मारपीट की गई। साथ ही, वर्दी फाड़ दी गई। कट कर वीडिया का एक हिस्सा ही दिखाया जा रहा है।
कुत्ते को लेकर मारपीट में आठ के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज
मोदीपुरम : पल्लवपुरम फेज-दो स्थित एस-202 निवासी आरती कदान पत्नी डॉ. वैभव राणा की तहरीर पर आठ मई को पल्लवपुरम थाने में केस दर्ज हुआ है। दर्ज केस में आरती कदान ने बताया कि सात मई की शाम को वह अपने परिवार संग घर पर थी। तभी पड़ोसी तुलिका मिश्रा अपनी बेटी के साथ प्रतिबंधित नश्ल के कुत्ते को उनके घर के बाहर घुमा रही थीं। आरती कदान ने मां-बेटी से घर के बाहर कुत्ता घुमाने का विरोध किया। आरोप है कि उसके बाद मां-बेटी गाली-गलौज और मारपीट करने लगी। उसके बाद तुलिका का बेटा वेदांत मिश्रा कार से चार, पांच लोगों को लेकर मौके पर पहुंचा, जिन्होंने आरती के साथ मारपीट की। पत्नी को बचाने डॉ. वैभव राणा घर के बाहर भागे। तभी सभी हमलावरों ने दंपती पर धारदार हथियार से हमला कर कर जान से मारने की धमकी दी। पड़ोसियों की भीड़ जमा हो गई।
विशाल उपाध्याय व सुशील कुमार ने किसी तरह दंपती को हमलावरों से बचाया। आरती ने कहा कि इस हमले में उनके पति के गले से सोने की चेन और उनके कान के कुंडल टूटकर गिर गए, जो तलाशने पर भी नहीं मिले। पीड़िता की तहरीर पर पुलिस ने तुलिका मिश्रा और उनकी बेटी व वेदांत मिश्रा समेत चार, पांच अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया है। इंस्पेक्टर पल्लवपुरम अखिलेश कुमार का कहना है कि केस दर्ज है। आसपास की फुटेज चेक कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
किशोरी के हत्यारोपी समझौते का बना रहे दबाव
मेरठ :जमानत पर जेल से छूटकर आए किशोरी लाल की हत्या एक लाख रुपये की सुपारी देकर कराई गई थी। हत्यारोपी अब पीड़ित पक्ष पर मुकदमा वापस लेने का दबाव बना रहे हैं। पीड़ित पक्ष ने एसएसपी से मिलकर मामले में फरार हत्यारोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है। शुक्रवार को जानी थाना क्षेत्र के कस्बा सिवालखास का पीड़ित पक्ष के लोगों ने एसएसपी कार्यालय पर प्रदर्शन किया। पीड़ितों ने एसएसपी से शिकायत करते हुए बताया कि पुरानी रंजिश के चलते दबंंगोें ने किशोरीलाल को झूठे मुकदमे में फंसाया था। इसके बाद जब किशोरीलाल जमानत पर जेल से छूटकर आया तो 28 अप्रैल को उसकी एक लाख रुपये की सुपारी देकर हत्या करा दी गई। उन्होंने आनंद, राजू, गुलशन, आशीष व नीरू पर ताजपुर के गुलशन को सुपारी देकर हत्या कराने के आरोप लगाए। बता दें कि जानी थाना पुलिस ने किशोरी लाल की हत्या में राजू व गुलशन को गिरफ्तार जेल भेज दिया जबकि आनंद, आशीष, नीरू फरार चल रही हैं। पीड़ित पक्ष ने आरोप लगाए कि फरार हत्यारोपी समझौते के लिए दबाव बनाते हुए मुकदमा वापस न लेने पर जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। इस मामले में एसएसपी ने पीड़ित पक्ष को फरार हत्यारोपियों की जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन दिया।
सौजन्य : दैनिक जनवाणी
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